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अनमोल वचन आत्मबोध दर्शन और शास्त्रज्ञान धार्मिक शास्त्र भगवान कृष्ण भगवान शिव मन और चेतना योग वेदांत

आत्म-अवलोकन क्या हैं, क्यों आवश्यक और कैसे करें?

Self Observation

आत्म-अवलोकन से मनुष्य उस अवस्था तक पहुँच जाता है जहाँ जानने के लिए कुछ शेष नहीं रह जाता। यही आत्मज्ञान के …

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‘परा विद्या’ और ‘अपरा विद्या’ क्या है और इनमें क्या अंतर है?

Para Vidya and Apara Vidya

साधकों, परा विद्या और अपरा विद्या क्या हैं? इनमें क्या अंतर है? मुण्डक उपनिषद के में विद्वान ऋषि अंगीरथ इसका उत्तर …

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स्वर्णमाला स्तुति ‘ईशगिरीश नरेश’ के बोल,अर्थ और जानकारी

Shiv Swarnamala Stuti

इस लेख में मैंने शिव स्वर्णमाला स्तुति ‘ईशगिरीश नरेश’ के संपूर्ण बोल, प्रत्येक श्लोक का सरल हिन्दी अर्थ तथा इस स्तुति …

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माया कैसे बनती है? क्या माया आपही से उत्पन्न होती है?

Maya Kaise Banti Hai

माया कैसे बनती है? क्या माया आपसे ही उत्पन्न होती है? माया का कोई स्वतंत्र अस्तित्व नहीं होता। उसका अपना कोई …

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‘नमामि शमीशान’ स्तुति का अर्थ और तात्पर्य

namami shamishan lyrics with meaning in hindi

इस लेख में मैंने भगवान शिव की प्रसिद्ध ‘नमामि शमीशान’ स्तुति – रुद्राष्टकम् के संपूर्ण बोल, सरल हिन्दी अर्थ तथा उसके …

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